लहार में स्थापित होगा नया औद्योगिक केंद्र : मुख्यमंत्री डॉ. यादव - The State Times News
Featureमध्यप्रदेश

लहार में स्थापित होगा नया औद्योगिक केंद्र : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लहार में नया औद्योगिक केंद्र स्थापित करने की घोषणा की है। इसके साथ ही मछण्ड और असवार क्षेत्र को नगर परिषद बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में उद्योगों को बढ़ावा देकर युवाओं को रोजगार से जोड़ा जा रहा है। दूसरी ओर किसानों की आय बढ़ाने के लिए किसान और कृषि हित में अनेक निर्णय लिए गए हैं। किसान को फसलों का उचित दाम मिले और फसल बर्बाद न हो, इसके लिए प्रदेश में कृषि आधारित उद्योग स्थापित करने की दिशा में प्रयास हो रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शुक्रवार को भिंड जिले के लहार में महिला स्व-सहायता समूह सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे।

भिंड के युवाओं का पराक्रम सराहनीय

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय सेना ने शौर्य की गाथा लिखी है। भिंड के घर-घर से निकले जवान मां भारती की रक्षा में सीमाओं पर तैनात हैं। चंबल की धरती के सपूत लंबे समय से बॉर्डर पर दुश्मन का खात्मा करते आ रहे हैं। लहार का गौरवशाली अतीत महाभारत काल से भी जुड़ता है। ऐसा माना जाता है कि लहार में ही पांडवों के खिलाफ षड्यंत्र रचते हुए लाक्षागृह बनवाया गया था। भिंड वो धरती है, जहां कभी किसी के साथ अन्याय नहीं हो सकता है। वो दिन लद गए जब चंबल क्षेत्र में दस्युओं का डर दिखाकर लोगों पर अत्याचार होते थे। अब भिंड की जनता ने परिवर्तन का रास्ता चुना है। मध्यप्रदेश सरकार चंबल क्षेत्र के विकास के लिए पूरी तरह संकल्पित है। यहां जनता का प्रेम और आत्मीयता से मन भाव-विभोर है।

आलमपुर कॉलेज का नामकरण लोकमाता देवी अहिल्याबाई के नाम पर

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि लोकमाता देवी अहिल्याबाई का 300वां जयंती वर्ष चल रहा है। भिंड जिले के आलमपुर का कॉलेज अब लोकमाता देवी अहिल्याबाई के नाम से जाना जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भिंड में विकास को गति प्रदान करते हुए 117 करोड़ रुपए से अधिक लागत के 33 विकास कार्यों का भूमिपूजन और 17 विकास कार्यों का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश का सिंचित क्षेत्र वर्तमान में 55 लाख हेक्टेयर है, इसे निकट भविष्य में 100 लाख हेक्टेयर तक लेकर जाएंगे। सिंचाई का रकबा बढ़ाने के लिए नदी जोड़ो परियोजनाओं पर कार्य हो रहा है। राजस्थान के साथ पार्वती-कालीसिंध-चंबल नदी परियोजना को 40 साल बाद मंजूरी मिली है। लगभग 70 हजार करोड़ की लागत से इस परियोजना का कार्य जारी है। इसी प्रकार पूर्व प्रधानमंत्री स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी के सपने को पूरा करते हुए केंद्र सरकार की सहायता से केन-बेतवा लिंक परियोजना की नींव रखी गई है। बुंदेलखंड के कई जिले इससे लाभान्वित होंगे। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश के किसान की समृद्धि और जीवन सरल बनाने के लिए 5 रुपए में स्थायी बिजली कनेक्शन और 30 लाख सोलर पंप प्रदान करने की शुरुआत की गई है। किसानों को सिर्फ 10 प्रतिशत कीमत पर सोलर पंप मिल रहे हैं। किसानों को सम्मान निधि का लाभ मिल रहा है। हर महीने माताओं-बहनों को लाड़ली बहना योजना की राशि भी मिलती रहेगी।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार ने सामाजिक दायित्वों का निर्वहन करते हुए अनेक जनहितैषी निर्णय लिए हैं। इनमें राहवीर योजना शामिल है। अब सड़क हादसों के घायलों को अस्पताल पहुंचाने वाले व्यक्ति को 25 हजार रुपए प्रोत्साहन राशि मिलेगी। इसके साथ ही प्रदेश में गंभीर बीमारियों के पीड़ितों को एयर एम्बुलेंस का लाभ दिया जा रहा है। अब गरीब के परिवार के किसी व्यक्ति की अस्पताल में मृत्यु हो जाए तो सरकार ने पार्थिव शरीर घर पहुंचाने के लिए नि:शुल्क शव वाहन की व्यवस्था की है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विभिन्न हितग्राहीमूलक योजनाओं के तहत हितलाभ भी वितरित किये। ।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button